Breaking News

बहुत काम की हैं ये 5 सेविंग स्कीम, कम पैसे में पा सकते हैं बेहतर रिटर्न, आराम से कटेगा बुढ़ापा

बहुत काम की हैं ये 5 सेविंग स्कीम, कम पैसे में पा सकते हैं बेहतर रिटर्न, आराम से कटेगा बुढ़ापा

बढ़ती उम्र के साथ कमाई का कोई सटीक साधन न हो तो मुश्किल पैदा हो सकती है. यही वजह है कि लोग युवा अवस्था से ही अपने बुढ़ापे की चिंता में लगे रहते हैं कि उन परिस्थितियों में क्या होगा जब शरीर नहीं चलेगा. इसके लिए पेंशन फंड और पीएफ जैसे साधन इस्तेमाल के लिए सही माने जाते हैं. सेविंग अकाउंट में जमा राशि भी आय का निश्चित स्रोत साबित हो सकती है लेकिन इसकी मियाद लंबे दिनों तक नहीं मान सकते. ऐसी स्थिति में कमाई का क्या जुगाड़ हो कि बुढ़ापा में सहारा मिल सके. यह सवाल सीनियर सिटीजंस का है जिन्हें अंत समय में फिक्स इनकम की दरकार होती है.

सरकार और बैंकिंग सिस्टम सीनियर सिटीजन को खास सुविधा देती है. उनकी जमा राशि पर सामान्य लोगों की तुलना में ज्यादा ब्याज दिया जाता है. सीनियर सिटीजन के लिए कई आकर्षक प्लान चलाए जाते हैं. सबसे सही तरीका फिक्स्ड डिपॉजिट को मानते हैं जो सुरक्षित होने के साथ कमाई का बेहतर रिटर्न देता है. पोस्ट भी छोटी बचत की योजनाएं चलाता है. हालांकि छोटी बचत की योजनाएं लंबे दिनों का साथी नहीं मान सकते क्योंकि इस पर ब्याज दरें तेजी से घट रही हैं. सरकार आने वाले समय में इसमें और भी कटौती कर सकती है. ऐसे में सीनियर सिटीजन क्या करें कि उनके आय का स्रोत बना रहे.

इसके लिए कई अलग-अलग तरह के निवेश के साधन हैं जो वरिष्ठ नागरिकों के लिए कारगर साबित हो सकते हैं. इन साधनों में पैसा निवेश कर बुढ़ापे को आराम से चलाया जा सकता है. ऐसे ही पांच साधनों का यहां जिक्र किया जा रहा है जिसकी मदद से सीनियर सिटीजन एक निश्चित आय की गारंटी पा सकते हैं.
1-सीनियर सिटीजन सेविंग स्कीम (SCSS)

सीनियर सिटीजन सेविंग स्कीम यानी कि वरिष्ठ नागरिक बचत योजना को सबसे कारगर स्कीम माना जाता है जिस पर वरिष्ठ नागरिकों को अच्छा-खासा ब्याज मिलता है. इस स्कीम के अंतर्गत वरिष्ठ नागरिकों को उनकी जमा राशि पर 7.4 परसेंट का ब्याज मिलता है. यह बचत योजना 5 साल की होती है जिसे और भी 3 साल के बढ़ा सकते हैं. इस स्कीम की सबसे खास बात टैक्स में छूट है. यानी कि इस बचत योजना में मिलने वाले ब्याज को इनकम टैक्स की धारा 80सी के तहत छूट प्राप्त है जिसमें 1.5 लाख रुपये तक का टैक्स क्लेम कर सकते हैं.
2-डाकघर मासिक आय योजना (POMIS)

यह स्कीम उनके लिए है जो रिटायर हो गए हैं उन्हें हर महीने एक फिक्स इनकम की जरूरत है. डाकघर की तरफ से चलाई जाने वाली यह योजना वरिष्ठ नागरिकों के लिए काफी बेहतर मानी जाती है. इस योजना के अंतर्गत जमाकर्ता को 6.6 परसेंट का ब्याज मिलता है, पूंजी की सुरक्षा की गारंटी है और अन्य निवेश की योजनाओं की तुलना में ज्यादा रिटर्न मिलता है. खास बात यह है कि इस स्कीम को शुरू करने के लिए किसी बड़ी राशि की जरूरत नहीं पड़ती. आप चाहें तो महज 1500 रुपये में भी इसे शुरू कर सकते हैं. इसका मैच्योरिटी पीरियड 5 साल का है और अधिकतम 9 लाख रुपये तक जमा किए जा सकते हैं. हालांकि यह राशि जॉइंट अकाउंट के लिए है और सिंगल के लिए यह रकम 4.5 लाख रुपये है.
3-प्रधानमंत्री वय वंदन योजना (PMVVY)

देश के वरिष्ठ नागरिकों के लिए भारत सरकार यह योजना भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) के तहत चलाती है. यह योजना वरिष्ठ नागरिकों को 10 वर्षों तक गारंटीड पेंशन देती है. सरकार ने इस योजना के तहत जमा राशि पर 7.7 परसेंट का ब्याज फिक्स किया है. इस योजना के तहत वरिष्ठ नागरिकों को मासिक, त्रैमासिक, छमाही और वार्षिक आधार पर पेंशन मिलने की सुविधा है. इसमें सीनियर सिटीजन को एलआईसी से सुनिश्चित रिटर्न मिलता है. इसमें एलआईसी से एक पॉलिसी खरीदनी होती है. पॉलिसी 10 साल में मैच्योर हो जाती है, उसके बाद 7.7 परसेंट की दर पर ब्याज मिलना शुरू हो जाता है. वय वंदन योजना सीनियर सिटीजन को रिटायरमेंट के बाद उनके भविष्य को सुरक्षित करती है.
4-फ्लोटिंग रेट सेविंग बॉन्ड (FRSB)

कोरोना के दौरान बैंकों ने ब्याज दरें घटाई हैं. साथ ही छोटी बचत की योजनाओं पर भी पहले जितना ब्याज नहीं मिल रहा है. भविष्य में इसके और घटने की आशंका है. ऐसे में वरिष्ठ नागरिकों के सामने निश्चित आय का संकट खड़ा हो सकता है. इससे बचने के लिए कई तरह के विकल्प बताए जाते हैं जिनमें एक है फ्लोटिंग रेट सेविंग बॉन्ड. इस बॉन्ड पर एफडी, आरडी या केवीपी जैसी स्कीम की तुलना में ज्यादा रिटर्न मिल रहा है. लिहाजा यह सीनियर सिटीजन के लिए अच्छा स्रोत साबित हो सकता है.

इस स्कीम को सरकार की तरफ से सॉवरन गारंटी भी मिलती है. इसमें 7 साल के लिए पैसा निवेश कर सकते हैं और हर छह महीने पर इसकी ब्याज दरें बदलती हैं. इस पर नेशनल सेविंग सर्टिफिकेट पर जितना ब्याज मिलता है, उस पर 35 बेसिस पॉइंट जोड़कर दिया जाता है. फिलहाल ब्याज दर 7.15 परसेंट निश्चित है.
5-फिक्स्ड डिपॉजिट (FD)

रिटर्न के लिहाज से फिक्स्ड डिपॉजिट को हर कोई बेहतर साधन मानता है. जमा राशि की सुरक्षा और बेहदर रिटर्न के नजरिये से फिक्स्ड डिपॉजिट सीनियर सिटीजन के लिए सबसे अच्छा आय का स्रोत साबित हो सकता है. बैंकों के अलावा कई वित्तीय संस्थाएं एफडी स्कीम चलाती हैं. इसी तरह की एक स्कीम बजाज फाइनेंस भी चलाता है जिसमें 7.25 परसेंट तक के सुनिश्चित रिटर्न की गारंटी दिए जाने की बात है. जमाकर्ता को 60 वर्षों तक सुविधाजनक रीपेमेंट की अवधि मिलती है.

इसके साथ ही मासिक, त्रैमासिक, अर्ध वार्षिक या वार्षिक रूप से ब्याज भुगतान पाने का विकल्प दिया जाता है. इसी तरह की योजना बैंक भी चलाते हैं और 5-10 साल की अवधि के लिए एफडी पर 6 परसेंट का ब्याज दिया जाता है.

ये भी पढ़े : Post office की इस स्कीम में पैसा करें दोगुना, मिलेंगे 2 लाख के 4 लाख रु

ये भी पढ़े :  IPL 2021 से पहले कैफ ने की भविष्यवाणी, बताया कौन सी टीम जीतेगी इस बार IPL का खिताब

ये भी पढ़े : LIC: एक बार पैसा लगाकर जिदंगीभर मिलती रहेगी 8000 पेंशन

ये भी पढ़े : सूरत के व्यापारी ने अपनी 2 माह की बेटी के लिए चांद पर खरीदी जमीन!

ये भी पढ़े :  LIC का नया प्लान: बेटी के लिए जमा करें केवल 150 रुपए, कन्यादान पर मिलेंगे 22 लाख रुपए

ये भी पढ़े : बेटी का सुहाग बचाने आगे आई मां, सास ने किडनी देकर दामाद को दिया नया जीवन

No comments