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किडनी खरीदने का झांसा देकर शख्स से ठगे 14.78 लाख

किडनी खरीदने का झांसा देकर शख्स से ठगे 14.78 लाख

सूरत पुलिस ने टोटी डागो ग्रोईरे औगुस्टिन नाम के एक अफ्रीकी नागरिक को गिरफ्तार किया है. सूरत पुलिस ने इस शख़्स को सूरत के अरबाज़ साहबाज राणा के साथ 14.78 लाख रुपए की ऑनलाइन ठगी करने के आरोप में गिरफ़्तार किया है. पकड़ा गया शख़्स फर्जी वेबसाइट बनाकर लोगों से एक किडनी बेचने के बदले करोड़ों रुपए कमाने का झांसा देता था. यदि कोई शख़्स इनके झांसे में फंस जाता था तो फिर ये उससे प्रोसेस चार्ज के नाम पर लाखों रुपए अलग अलग बैंक अकाउंट में ट्रांसफर करवा लेते थे.

सूरत शहर के नानपुरा इलाक़े में रहने वाले अरबाज़ साहबाज राणा नामक शख़्स को भी इस गैंग ने एक किडनी बेचने के बदले 4 करोड़ रुपए मिलने का लालच दिया था और प्रोसेस के नाम पर उससे 14.78 लाख रुपए मंगवा लिए. इस मामले की सूरत साइबर सेल में रिपोर्ट दर्ज की गई थी. साइबर सेल ने ताबड़तोड़ कार्रवाई करते हुए साइबर अपराधियों के बैंक खाते में ट्रांसफर हुई रकम में से 7.50 प्रतिशत रकम फ्रीज कर दी.

सूरत के पुलिस कमिश्नर अजय कुमार तोमर ने मीडिया को बताया कि पकड़ा गया अफ्रीकी नागरिक और उसके अन्य साथी न सिर्फ़ किडनी ख़रीदने के नाम पर लोगों को फंसाते थे. बल्कि दुनियां के अलग अलग देशों के वीज़ा बनाने का फ़र्ज़ी ऑफ़र भी देते थे और पैसा ऐंठते थे. अभी तक इनके 8 बैंक खातों में 1.31 करोड़ का ट्रांजेक्शन होने की जानकारी मिली है.

सूरत में फोर व्हीलर वाहनों की ख़रीद फ़रोख़्त करने वाले अरबाज़ राणा की कोरोना काल की वजह से अर्थिक स्थिति ख़राब हो गई थी. कर्ज की वजह से वह मानसिक तनाव में डूबे थे. इस वजह से अरबाज़ राणा ने एक दिन अपनी किडनी बेचने को लेकर गूगल पर सेल फ़ॉर किडनी फॉर मनी लिख कर सर्च किया था.

सर्चिंग के दौरान इन्हें एक वेबसाइट मिली. जिस पर डॉक्टर शिल्पा कुमार का नाम और मोबाइल नम्बर लिखा था. वेबसाइट में बेंगलुरू के किसी मनिपाल हॉस्पिटल का फ़ोटो भी रखा था. वेबसाइट पर दिए गए मोबाइल नम्बर पर जब जब सूरत के अरबाज़ राणा ने सम्पर्क किया तो सामने वाला फ़ोन काट देता था और फिर उसी नम्बर से WhatsAap कॉल आता था.

सूरत के अरबाज़ राणा ने बातचीत शुरू की तो उसे एक किडनी बेचने के बदले 4 करोड़ रुपए मिलने का आश्वासन दिया गया. 2 करोड़ पहले और 2 करोड़ किडनी निकाले जाने के बाद. मगर इसके लिए किडनी बेचने की पूरी प्रक्रिया से गुजरने को कहा गया. अरबाज़ को पैसों की ज़रूरत थी, इसलिए जैसा सामने वाले व्यक्ति ने कहा वह वैसा करता रहा. किडनी बेचने के लिए उसने अपनी निजी जानकारी भी उससे साझा कर दी. इसके अलावा प्रोसेस के नाम पर उससे धीरे धीरे 14.78 लाख रुपये ले लिए गए.

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